–दून पुलिस का स्मार्ट बनने की ओर कदम, फ्लाइंग हॉक की शुरुआत
देहरादून, देहरादून पुलिस का ट्रायल सक्सेस रहा तो अब शुरुआत भी कर दी गई. बात हो रही है कि टेक्नोलॉजी के युग में ड्रोन की. पुलिस राजधानी में ड्रोन का पूरा यूज करना चाह रही है. जिससे न केवल अस्थाई अतिक्रमण पर अटैक होगा. बल्कि, धरने-प्रदर्शन, जुलूस, वीआईपी मूवमेंट, धार्मिक आयोजन से ट्रैफिक में आने वाली बाधा और नो पार्किंग जोन में खड़े वाहनों की निगहबानी भी हो सकेगी. एसएसपी दून ने थर्सडे को बाकायदा, अधिकृत तौर पर ड्रोन पायलट प्रोजेक्ट की लॉन्चिंग की. भरोसा दिलाया कि आने वाले दिनों में ड्रोन के प्रयोग से पुलिस व आम लोगों को इसका लाभ मिल सकेगा.
पुलिस का दावा, ये तो है पायलट प्रोजेक्ट
दून में संकरी सड़कें, बढ़ता ट्रैफिक प्रेशर और इससे लोगों के सामने आ रही दिक्कतें. मानो ये अब शहर का परिचय ही बन गया है. पुलिस ने इस परेशानियों से निपटने के लिए अब ड्रोन की मदद लेने का फैसला लिया है. इसको देखते हुए फ्लाइंग हॉक ड्रोन प्रोजेक्ट लॉन्च किया है. थर्सडे को एसएसपी दून ने पुलिस ऑफिस से इसकी शुरुआत की है. बताया कि पुलिस ने पहले ड्रोन के संचालन को लेकर कुछ ट्रायल किए, जो सफल रहे. इसके बाद ही इस पायलट प्रोजेक्ट को दून में शुरू किया जा रहा है.

इन क्षेत्रों में रहेगी ड्रोन की तैनाती
अनुबंध के तहत फिलहाल कंपनी को दो एरियाज अलॉट किए गए हैं. एक मिड सिटी और दूसरा पटेलनगर क्षेत्र. मिड सिटी क्षेत्र में चकराता रोड, बिंदाल, दिलाराम, जोगीवाला, लालपुल शामिल किया गया है. जबकि, दूसरा क्षेत्र पटेलनगर को सम्मलित किया गया. इस ड्रोन एरिया क्षेत्र में वसंत विहार से लेकर शिमला बाईपास और आईएसबीटी जैसे क्षेत्र शामिल किए गए हैं.
नो पार्किंग व ट्रैफिक पर फोकस
बताया गया है कि ड्रोन की पैनी निगाह नो पार्किंग में खड़े वाहनों के साथ ही ट्रैफिक पर ज्यादा रहेगी. जैसे ही कोई वाहन नो पार्किंग जोन में खड़ा नजर आएगा. तत्काल संबंधित वाहन स्वामी को अपने वाहन को हटाने के लिए फोन के जरिए 5 मिनट में फोन से सूचना दे दी जाएगी. ऐसा न करने पर ऑनलाइन चालान घर पहुंचा दिया जाएगा.

पुलिस ऑफिस में कंट्र्रोल रूम
ये भी बताया गया है कि जिन एरिया में ड्रोन की निगहबानी रहेगी. अचानक बीच में पुलिस की ओर से सिटी के दूसरे इलाकों से डिमांड आती है, ये ड्रोन उधर की ओर मुड़ जाएंगे और मोर्चा संभालना शुरू कर देंगे. इनकी मॉनिटरिंग के लिए पुलिस ऑफिस में कंट्रोल रूम का भी गठन किया गया है.